बिहार की भर्तियों में ट्रांसजेंडर उम्मीदवार: कौन-सी कोटि, कौन-सी आयु सीमा, कौन-सा प्रमाण पत्र
Sarkari Naukri Khabar • बिहार
बिहार में आरक्षण के लिए ट्रांसजेंडर उम्मीदवारों को पिछड़े वर्गों में रखा जाता है, और BPSC ने TRE 4.0 में उनकी अधिकतम आयु 42 वर्ष रखी है, जो किसी भी कोटि से ऊँची है। दोनों बातें सामान्य प्रशासन विभाग के तय आदेशों से आती हैं, और दोनों अक्सर छूट जाती हैं क्योंकि कोई विज्ञापन उन्हें एक जगह नहीं रखता। यह गाइड कोटि, आयु सीमा, ज़रूरी प्रमाण पत्र और अभी खुली भर्तियों में आरक्षित पद बताती है।
कोटि: पिछड़े वर्ग
सामान्य प्रशासन विभाग के संकल्प ज्ञापांक 12722, दिनांक 12 सितंबर 2014 के आलोक में किन्नर, कोथी, हिजड़ा और ट्रांसजेंडर (थर्ड जेंडर) उम्मीदवारों को पिछड़े वर्गों को मिलने वाले आरक्षण का लाभ देय है। BPSC ने विज्ञापन 14/2026 में यह कहा है और BTSC के विज्ञापनों में भी यही प्रावधान है।
बाद का एक आदेश इसे और स्पष्ट करता है। सामान्य प्रशासन विभाग के पत्रांक 10579, दिनांक 15 जून 2026 के आलोक में ट्रांसजेंडर उम्मीदवार बिहार राज्य हेतु अधिसूचित पिछड़े वर्गों की सूची, अनुसूची-2, के क्रमांक 47 पर दर्ज हैं और विज्ञापन में वर्णित रिक्ति के अनुसार उन्हें क्षैतिज आरक्षण देय है।
आयु सीमा: 42 वर्ष
TRE 4.0 में ट्रांसजेंडर उम्मीदवारों की अधिकतम आयु 42 वर्ष है, जिसकी गणना 1 अगस्त 2024 को होगी। यह अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति के बराबर है और अनारक्षित पुरुषों को मिलने वाले 37 वर्ष से पाँच वर्ष अधिक।
न्यूनतम आयु वही रहती है: कक्षा 1 से 8 के लिए 18 वर्ष और कक्षा 9 से 12 के लिए 21 वर्ष, गणना 1 अगस्त 2026 को।
प्रमाण पत्र
यह आरक्षण माँगने वाले उम्मीदवार को राज्य सरकार द्वारा निर्धारित सक्षम प्राधिकार से ट्रांसजेंडर होने का प्रमाण पत्र देना होगा, साथ में बिहार का मूल निवासी होने का प्रमाण। इन विज्ञापनों के हर आरक्षण की तरह यह भी केवल बिहार के मूल निवासियों के लिए है।
दावा ऑनलाइन आवेदन के निर्धारित कॉलम में करना होगा। वहाँ दावा न करने पर कोई लाभ नहीं मिलेगा, और विज्ञापनों में उसे बाद में जोड़ने का कोई रास्ता नहीं है।
TRE 4.0 में पद
विज्ञापन 14/2026 अपनी चारों रिक्ति तालिकाओं में ट्रांसजेंडर उम्मीदवारों के लिए अलग कॉलम छापता है।
- कक्षा 1 से 5: 3,847 में से 4 पद
- कक्षा 6 से 8: 8,563 में से 9 पद
- कक्षा 9 से 10: 3,877 में से 7 पद
- कक्षा 11 से 12: 16,101 में से 7 पद
- कुल मिलाकर: चारों स्तरों पर 27 पद
OTR में भरा लिंग नहीं बदल सकता
यह बात यहाँ बाकी कहीं से ज़्यादा मायने रखती है। BPSC का विज्ञापन कहता है कि One Time Registration में भरे नाम, पिता का नाम, माता का नाम, लिंग, आधार संख्या और जन्म तिथि बाद में कभी नहीं बदले जा सकते। इसका कोई प्रावधान नहीं है।
यानी पंजीकरण के समय दर्ज लिंग ही आवेदन के साथ दस्तावेज़ सत्यापन और नियुक्ति तक जाता है। OTR पूरा करने से पहले उसे सोच-समझकर और प्रमाण पत्र हाथ में लेकर भरें।
छूट एक ही, कई नहीं
बाकी हर उम्मीदवार की तरह, आयु में एक ही छूट मिलेगी, जो भी लागू हो। जो ट्रांसजेंडर उम्मीदवार सरकारी सेवक या दिव्यांग भी है, वह दोनों जोड़कर नहीं बल्कि जिससे सबसे अधिक लाभ हो वही एक छूट लेगा।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
बिहार में ट्रांसजेंडर उम्मीदवार किस कोटि में आते हैं?
पिछड़े वर्गों में। संकल्प 12722, दिनांक 12 सितंबर 2014 के तहत उन्हें पिछड़े वर्गों वाला आरक्षण मिलता है, और पत्रांक 10579, दिनांक 15 जून 2026 उन्हें अधिसूचित पिछड़े वर्गों की सूची के क्रमांक 47 पर दर्ज करता है।
BPSC TRE 4.0 में ट्रांसजेंडर उम्मीदवार की अधिकतम आयु क्या है?
42 वर्ष, गणना 1 अगस्त 2024 को। यह अनुसूचित जाति व जनजाति के बराबर है और अनारक्षित पुरुषों के 37 वर्ष से पाँच वर्ष अधिक।
कौन-सा प्रमाण पत्र चाहिए?
राज्य सरकार द्वारा निर्धारित सक्षम प्राधिकार से ट्रांसजेंडर होने का प्रमाण पत्र, साथ में बिहार का मूल निवासी होने का प्रमाण।
TRE 4.0 में ट्रांसजेंडर उम्मीदवारों के लिए कितने पद हैं?
चारों स्तरों पर 27: कक्षा 1 से 5 में 4, कक्षा 6 से 8 में 9, कक्षा 9 से 10 में 7 और कक्षा 11 से 12 में 7।
क्या OTR में भरा लिंग बदल सकते हैं?
नहीं। विज्ञापन कहता है कि One Time Registration में भरा लिंग, नाम, माता-पिता के नाम, आधार संख्या और जन्म तिथि कभी नहीं बदले जा सकते।
ℹ️ सरकारी नियम, शुल्क और समय-सीमा बदल सकते हैं। कोई भी कदम उठाने से पहले आधिकारिक पोर्टल या अपने प्रखंड कार्यालय से वर्तमान स्थिति की पुष्टि अवश्य कर लें।
अंतिम अपडेट: 29 सितंबर 2026