होम › अखिल भारतीय › गाइड
SSC CPO 2026 श्रेणी प्रमाण पत्र: प्रारूप, महत्वपूर्ण तिथि, और क्या अस्वीकार होता है
Sarkari Naukri Khabar • अखिल भारतीय
आरक्षित श्रेणी का दावा अंकों से ज़्यादा कागज़ों पर टूटता है। दिल्ली पुलिस और CAPF में सब-इंस्पेक्टर परीक्षा, 2026 की SSC सूचना साफ़ कहती है कि सूचना के साथ लगे प्रारूपों के अलावा किसी और प्रारूप का प्रमाण पत्र अस्वीकार हो सकता है, और ज़रूरी प्रमाण पत्र न देने वाले उम्मीदवार को अनारक्षित मान लिया जाता है। यह गाइड बताती है कि निर्धारित प्रारूप क्या हैं, आपकी श्रेणी कौन सी तिथि तय करती है, आपका ईडब्ल्यूएस प्रमाण पत्र किस वित्तीय वर्ष का होना चाहिए, दिल्ली के ओबीसी उम्मीदवारों के लिए विशेष नियम क्या है, और झूठे दावे पर क्या चेतावनी है।
प्रारूप वैकल्पिक नहीं है
सूचना का पैरा 6.2 कहता है कि जो उम्मीदवार आरक्षित रिक्तियों पर विचार चाहते हैं, या आयु में छूट मांगते हैं, उन्हें मांगे जाने पर सक्षम प्राधिकारी का प्रमाण पत्र निर्धारित प्रारूप में देना होगा। अन्यथा अजा, अजजा, ओबीसी, ईडब्ल्यूएस या भूतपूर्व सैनिक का दावा नहीं माना जाएगा और आवेदन सामान्य श्रेणी में गिना जाएगा।
प्रारूप सूचना के साथ ही संलग्न हैं, और सूचना कहती है कि किसी अन्य प्रारूप का प्रमाण पत्र अस्वीकार हो सकता है। आपके राज्य के अपने छपे फॉर्म पर बना प्रमाण पत्र, हर तथ्य सही होने पर भी, निर्धारित प्रारूप में न होने से अस्वीकार हो सकता है।
- अजा और अजजा: अनुलग्नक-V।
- ओबीसी नॉन-क्रीमी लेयर: अनुलग्नक-VI।
- ईडब्ल्यूएस आय एवं संपत्ति प्रमाण पत्र: अनुलग्नक-VII।
आपकी श्रेणी महत्वपूर्ण तिथि तय करती है
पैरा 6.6 अजा, अजजा, ओबीसी या ईडब्ल्यूएस का दावा, या शुल्क में रियायत, आरक्षण या आयु में छूट जैसे किसी भी लाभ के लिए महत्वपूर्ण तिथि को ऑनलाइन आवेदन की अंतिम तिथि तय करता है। SSC CPO 2026 के लिए यह 30 सितंबर 2026 है।
सूचना इसका अर्थ भी साफ़ करती है: उस तिथि को आप संबंधित श्रेणी के होने चाहिए। इसका मतलब प्रमाण पत्र जारी होने की तिथि नहीं है।
ओबीसी उम्मीदवार और क्रीमी लेयर
पैरा 6.3 के अनुसार ओबीसी उम्मीदवार के पास जाति या समुदाय प्रमाण पत्र होना चाहिए और वह महत्वपूर्ण तिथि, यानी आवेदन की अंतिम तिथि को क्रीमी लेयर से बाहर होना चाहिए।
सूचना उम्मीदवार के पक्ष में एक बात और जोड़ती है: आयोग यह ज़ोर नहीं देगा कि ओबीसी प्रमाण पत्र महत्वपूर्ण या कट-ऑफ तिथि के भीतर जारी हुआ हो, और ओबीसी उम्मीदवार की उम्मीदवारी अस्थायी रहेगी, जिसकी जांच नियुक्ति प्राधिकारी करेगा। यह दस्तावेज़ कैसे बनता है, इसके लिए नॉन-क्रीमी लेयर प्रमाण पत्र पर हमारी गाइड देखें।
ईडब्ल्यूएस प्रमाण पत्र सही वर्ष का होना चाहिए
यही वह बात है जिसमें लोग फंसते हैं। पैरा 6.4 के अनुसार आय एवं संपत्ति प्रमाण पत्र वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए मान्य होना चाहिए, जो वित्तीय वर्ष 2025-26 की आय के आधार पर, कार्मिक एवं प्रशिक्षण विभाग के 31 जनवरी 2019 के कार्यालय ज्ञापन के अनुसार जारी हो।
पुराने वर्ष का ईडब्ल्यूएस प्रमाण पत्र फ़ाइल में रखे रहने से मान्य नहीं हो जाता। भरोसा करने से पहले उस पर छपा वर्ष देखें, और ईडब्ल्यूएस आय एवं संपत्ति प्रमाण पत्र पर हमारी गाइड पढ़ें।
एक नियम जो केवल दिल्ली पर लागू है
पैरा 6.1 उन ओबीसी प्रमाण पत्रों की बात करता है जो राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र दिल्ली सरकार ने ऐसे उम्मीदवारों को दिए हैं जो दिल्ली की ओबीसी सूची में हैं पर केंद्रीय सूची में नहीं। ऐसे प्रमाण पत्र केवल दिल्ली पुलिस में SI पद के लिए, आरक्षण और आयु छूट के लिए मान्य हैं।
इस परीक्षा के बाकी सभी पदों के लिए ऐसे उम्मीदवार को अनारक्षित या ईडब्ल्यूएस माना जाता है। यदि आपके पास ऐसा दिल्ली ओबीसी प्रमाण पत्र है जो केंद्रीय सूची में नहीं है, तो अपनी वरीयताएं यह जानते हुए भरें।
आपकी उम्मीदवारी अस्थायी रहती है
पैरा 6.5 कहता है कि उम्मीदवारी तब तक अस्थायी रहती है जब तक नियुक्ति प्राधिकारी शैक्षणिक योग्यता, जाति या श्रेणी से जुड़े प्रमाण पत्रों और दस्तावेज़ों की सत्यता जांचकर संतुष्ट न हो जाए।
उसी पैरा में चेतावनी है: जो उम्मीदवार अजा, अजजा, ओबीसी, ईडब्ल्यूएस, भूतपूर्व सैनिक या दिल्ली पुलिस के विभागीय उम्मीदवार की स्थिति का झूठा दावा करते हैं, उन्हें आयोग की परीक्षाओं से वंचित कर दिया जाएगा। छूट के कुछ अंकों के लिए यह जोखिम लेने लायक नहीं है।
30 सितंबर से पहले क्या करें
जिस प्रमाण पत्र पर आप भरोसा करने वाले हैं उसे निकालकर सूचना के सामने तीन बातें जांचें: वह संलग्न प्रारूप में है, अंतिम तिथि को आप उस श्रेणी के थे, और ईडब्ल्यूएस के लिए वह 2025-26 की आय पर वित्तीय वर्ष 2026-27 का है। इनमें से कोई भी गलत हो तो दस्तावेज़ सत्यापन के समय नहीं, अभी नया प्रमाण पत्र बनवाएं।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
क्या SSC CPO के लिए अपने राज्य के प्रारूप वाला जाति प्रमाण पत्र चलेगा?
नहीं। सूचना कहती है कि उसके साथ लगे प्रारूपों के अलावा किसी और प्रारूप का प्रमाण पत्र अस्वीकार हो सकता है। अजा/अजजा के लिए अनुलग्नक-V, ओबीसी नॉन-क्रीमी लेयर के लिए अनुलग्नक-VI, ईडब्ल्यूएस के लिए अनुलग्नक-VII।
SSC CPO 2026 में श्रेणी के लिए महत्वपूर्ण तिथि क्या है?
ऑनलाइन आवेदन की अंतिम तिथि, 30 सितंबर 2026। उस तिथि को आप उस श्रेणी के होने चाहिए; बात प्रमाण पत्र जारी होने की तिथि की नहीं है।
मेरा ईडब्ल्यूएस प्रमाण पत्र किस वर्ष का होना चाहिए?
वह वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए मान्य होना चाहिए, जो वित्तीय वर्ष 2025-26 की आय के आधार पर जारी हो।
क्या ओबीसी प्रमाण पत्र अंतिम तिथि से पहले का होना ज़रूरी है?
आयोग कहता है कि वह महत्वपूर्ण तिथि के भीतर जारी ओबीसी प्रमाण पत्र पर ज़ोर नहीं देगा, पर उस तिथि को आप क्रीमी लेयर से बाहर होने चाहिए, और जांच होने तक उम्मीदवारी अस्थायी रहती है।
मेरे पास दिल्ली का ओबीसी प्रमाण पत्र है जो केंद्रीय सूची में नहीं है। वह कहां मान्य है?
केवल दिल्ली पुलिस में SI पद के लिए। इस परीक्षा के बाकी सभी पदों के लिए आपको अनारक्षित या ईडब्ल्यूएस माना जाएगा।
श्रेणी का दावा झूठा निकले तो क्या होगा?
सूचना कहती है कि ऐसे उम्मीदवारों को आयोग की परीक्षाओं से वंचित कर दिया जाएगा।
ℹ️ सरकारी नियम, शुल्क और समय-सीमा बदल सकते हैं। कोई भी कदम उठाने से पहले आधिकारिक पोर्टल या अपने प्रखंड कार्यालय से वर्तमान स्थिति की पुष्टि अवश्य कर लें।
अंतिम अपडेट: 16 सितंबर 2026